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यूपी आरओ/एआरओ सिलेबस 2026 (up RO/ARO syllabus in hindi) - उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) द्वारा यूपी आरओ/एआरओ सिलेबस 2026 आधिकारिक अधिसूचना के साथ जारी किया गया हैं। समीक्षा अधिकारी (RO) और सहायक समीक्षा अधिकारी (ARO) पदों की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों को परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन के लिए नवीनतम यूपीपीएससी आरओ एआरओ सिलेबस 2026 (Latest UPPSC RO ARO Syllabus 2026 in hindi) और परीक्षा पैटर्न की जानकारी होनी चाहिए। सिलेबस और परीक्षा पैटर्न के माध्यम से उम्मीदवारों को प्रश्नों के प्रकार, अंक विभाजन और चयन प्रक्रिया को समझने में भी मदद मिलती है। अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए यूपी आरओ/एआरओ सिलेबस 2026 पीडीएफ लिंक (UP RO/ARO Syllabus 2026 PDF Link) इस लेख में दिया गया हैं।
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यूपी आरओ/एआरओ भर्ती परीक्षा (UP RO/ARO Recruitment Examination) की चयन प्रक्रिया में मुख्य रूप से प्रारंभिक परीक्षा और मुख्य परीक्षा शामिल होती हैं। यूपीपीएससी आरओ एआरओ प्रारंभिक परीक्षा (UPPSC RO ARO Preliminary Examination) में सामान्य अध्ययन और सामान्य हिंदी से संबंधित प्रश्न पूछे जाते हैं। प्रारंभिक परीक्षा में सफल उम्मीदवार मुख्य परीक्षा में शामिल होते हैं। मुख्य परीक्षा में सामान्य अध्ययन, सामान्य हिंदी एवं आलेखन तथा हिंदी निबंध जैसे विषय शामिल होते हैं। इसके अतिरिक्त, अभ्यर्थियों को हिंदी टाइपिंग टेस्ट और अन्य आवश्यक चयन संबंधी शर्तों की जानकारी नवीनतम आधिकारिक विज्ञापन से अवश्य प्राप्त करनी चाहिए, क्योंकि नियम भर्ती अधिसूचना के अनुसार लागू होते हैं।
यूपीपीएससी आरओ/एआरओ परीक्षा 2026 की तैयारी के लिए अभ्यर्थियों को पिछले वर्षों के प्रश्नपत्रों का अभ्यास करना चाहिए और नियमित रूप से मॉक टेस्ट देकर अपनी तैयारी का आकलन करना चाहिए। अभ्यर्थियों को अपनी तैयारी शुरू करने से पहले यूपीपीएससी आरओ एआरओ आधिकारिक अधिसूचना (UPPSC RO ARO Official Notification) में दिए गए पाठ्यक्रम और परीक्षा संबंधी निर्देशों का अध्ययन करना चाहिए। यूपी आरओ एआरओ सिलेबस, प्रारंभिक और मुख्य परीक्षा (RO ARO Syllabus, Preliminary and Main Examinations) के पैटर्न तथा पीडीएफ लिंक के लिए लेख विस्तार से पढ़िए।
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यूपी आरओ/एआरओ सिलेबस 2026 (UP RO/ ARO SYLLABUS in hindi) का अवलोकन उम्मीदवारों को परीक्षा की संरचना, चयन प्रक्रिया और तैयारी से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान करता है। नीचे दी गई सारणी के माध्यम से अभ्यर्थी परीक्षा से संबंधित प्रमुख बिंदुओं को आसानी से समझ सकते हैं।
विवरण | जानकारी |
परीक्षा का नाम | यूपी आरओ/एआरओ परीक्षा 2026 |
आयोजन आयोग | उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) |
पद का नाम | समीक्षा अधिकारी (RO) और सहायक समीक्षा अधिकारी (ARO) |
परीक्षा का स्तर | राज्य स्तरीय |
चयन प्रक्रिया | प्रारंभिक परीक्षा, मुख्य परीक्षा, हिंदी टाइपिंग टेस्ट |
प्रारंभिक परीक्षा के विषय | सामान्य अध्ययन और सामान्य हिंदी |
निगेटिव मार्किंग | 1/3 (0.33) |
मुख्य परीक्षा के विषय | सामान्य अध्ययन, सामान्य हिंदी एवं आलेखन तथा हिंदी निबंध आदि |
आधिकारिक वेबसाइट | https://uppsc.up.nic.in/ |
यूपी आरओ/एआरओ सिलेबस 2026 की पीडीएफ (UP RO/ARO Syllabus 2026 PDF) उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) की आधिकारिक वेबसाइट पर जारी की गई अधिसूचना में देखी जा सकती है। अभ्यर्थी नीचे दिए गए आसान चरणों का पालन करके यूपीपीएससी आरओ/एआरओ आधिकारिक अधिसूचना डाउनलोड (UPPSC RO ARO Official Notification DOWNLOAD) कर सकते हैं और प्रारंभिक व मुख्य परीक्षा के पाठ्यक्रम की जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
सबसे पहले आयोग की आधिकारिक वेबसाइट uppsc.up.nic.in पर जाएं।
वेबसाइट के होमपेज पर दिए गए Notifications/Advertisements सेक्शन को खोलें।
समीक्षा अधिकारी/सहायक समीक्षा अधिकारी परीक्षा 2026 (Review Officer/Assistant Review Officer Examination 2026) से संबंधित आधिकारिक अधिसूचना खोजें।
संबंधित विज्ञापन संख्या A-4/E-1/2026 वाली अधिसूचना पर क्लिक करें।
अधिसूचना की पीडीएफ खोलें और उसमें दिए गए परीक्षा पैटर्न एवं पाठ्यक्रम से संबंधित भाग को ध्यानपूर्वक पढ़ें।
यूपीपीएससी आरओ एआरओ सिलेबस पीडीएफ (UPPSC RO ARO Syllabus PDF in hindi) में प्रारंभिक परीक्षा और मुख्य परीक्षा के विषयों, प्रश्नों के स्वरूप तथा अंक विभाजन की जानकारी देखें।
डाउनलोड विकल्प पर क्लिक करके पीडीएफ को अपने मोबाइल या कंप्यूटर में सेव कर लें, ताकि तैयारी के दौरान उसका उपयोग किया जा सके।
यूपी आरओ/एआरओ परीक्षा पैटर्न 2026 की जानकारी अभ्यर्थियों को परीक्षा के चरणों, प्रश्नों की संख्या, कुल अंक और निर्धारित समय को समझने में मदद करती है। उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) द्वारा निर्धारित परीक्षा योजना के अनुसार उम्मीदवारों को प्रारंभिक और मुख्य परीक्षा की तैयारी करनी चाहिए।
यूपी आरओ/एआरओ की प्रारंभिक परीक्षा (UP RO/ARO Preliminary Examination) वस्तुनिष्ठ प्रकार की होती है। इसमें सामान्य अध्ययन और सामान्य हिंदी (सामान्य शब्द ज्ञान एवं व्याकरण) से प्रश्न पूछे जाते हैं। परीक्षा में कुल 200 प्रश्न होते हैं और प्रत्येक प्रश्न एक अंक का होता है। गलत उत्तर देने पर संबंधित प्रश्न के निर्धारित अंकों के एक-तिहाई अंक की कटौती की जाती है।
विवरण | परीक्षा पैटर्न |
प्रश्नपत्र का नाम | सामान्य अध्ययन एवं सामान्य हिंदी |
प्रश्नपत्र का प्रकार | वस्तुनिष्ठ (Objective Type) |
प्रश्नपत्रों की संख्या | 1 |
सामान्य अध्ययन के प्रश्न | 140 |
सामान्य हिंदी के प्रश्न | 60 |
कुल प्रश्नों की संख्या | 200 |
प्रत्येक प्रश्न के अंक | 1 अंक |
कुल अंक | 200 अंक |
परीक्षा की अवधि | 3 घंटे |
नकारात्मक अंकन | प्रत्येक गलत उत्तर पर 1/3 अंक की कटौती |
प्रारंभिक परीक्षा में सफल उम्मीदवार मुख्य लिखित परीक्षा में शामिल होते हैं। मुख्य परीक्षा में सामान्य अध्ययन के दो प्रश्नपत्र, सामान्य हिंदी एवं आलेखन तथा हिंदी निबंध शामिल हैं। सभी प्रश्नपत्र पारंपरिक यानी वर्णनात्मक प्रकार के होते हैं। अभ्यर्थियों को उत्तर निर्धारित शब्द सीमा में लिखने होते हैं, इसलिए विषयों की समझ के साथ उत्तर लेखन का नियमित अभ्यास करना भी आवश्यक है।
प्रश्नपत्र | विषय का नाम | प्रश्नों का विवरण | कुल अंक | समयावधि |
प्रश्नपत्र 1 | सामान्य अध्ययन–प्रथम | 10 लघु उत्तरीय एवं 10 दीर्घ उत्तरीय प्रश्न | 200 | 3 घंटे |
प्रश्नपत्र 2 | सामान्य अध्ययन–द्वितीय | 10 लघु उत्तरीय एवं 10 दीर्घ उत्तरीय प्रश्न | 200 | 3 घंटे |
प्रश्नपत्र 3 | सामान्य हिंदी एवं आलेखन | कुल 8 प्रश्न; कुछ में आंतरिक विकल्प | 200 | 3 घंटे |
प्रश्नपत्र 4 | हिंदी निबंध | 2 निबंध | 200 | 3 घंटे |
कुल | 4 प्रश्नपत्र | — | 800 अंक | — |
महत्वपूर्ण जानकारी: सामान्य अध्ययन के दोनों प्रश्नपत्रों में 10 लघु उत्तरीय प्रश्नों के लिए प्रत्येक पर 8 अंक और 75 शब्दों की सीमा निर्धारित है। वहीं, 10 दीर्घ उत्तरीय प्रश्नों में प्रत्येक पर 12 अंक और 125 शब्दों की सीमा है। हिंदी निबंध के पहले निबंध के लिए 80 अंक और 800 शब्दों की सीमा तथा दूसरे निबंध के लिए 120 अंक और 1,200 शब्दों की सीमा निर्धारित है।
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उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) की आधिकारिक अधिसूचना में दिए गए पाठ्यक्रम के अनुसार, यूपी आरओ/एआरओ सिलेबस 2026 (up ro aro syllabus 2026 in hindi) को प्रारंभिक परीक्षा और मुख्य परीक्षा के लिए अलग-अलग समझना आवश्यक है। नीचे दोनों परीक्षाओं का विषयवार सिलेबस सारणी में दिया गया है, जिससे अभ्यर्थी अपनी तैयारी व्यवस्थित ढंग से कर सकें।
प्रारंभिक परीक्षा में एक वस्तुनिष्ठ प्रश्नपत्र होता है, जिसमें कुल 200 प्रश्न पूछे जाते हैं। इनमें सामान्य अध्ययन के 140 प्रश्न और सामान्य हिंदी के 60 प्रश्न शामिल होते हैं। परीक्षा की अवधि 3 घंटे होती है और कुल अंक 200 निर्धारित हैं। नीचे सारणी देखें
विषय | विस्तृत पाठ्यक्रम |
सामान्य विज्ञान | भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान, जीव विज्ञान तथा विज्ञान से संबंधित सामान्य जानकारी। |
भारत का इतिहास | प्राचीन, मध्यकालीन और आधुनिक भारतीय इतिहास की प्रमुख घटनाएं, महत्वपूर्ण शासक एवं ऐतिहासिक तथ्य। |
भारतीय राष्ट्रीय आंदोलन | स्वतंत्रता संग्राम के विभिन्न चरण, प्रमुख आंदोलन, स्वतंत्रता सेनानी और उनका योगदान। |
भारतीय राजव्यवस्था, अर्थव्यवस्था एवं संस्कृति | भारतीय शासन व्यवस्था, संविधान से संबंधित सामान्य जानकारी, आर्थिक व्यवस्था और भारतीय संस्कृति के प्रमुख पहलू। |
भारतीय कृषि, वाणिज्य एवं व्यापार | कृषि व्यवस्था, प्रमुख फसलें, कृषि उत्पादन, वाणिज्य, व्यापार और उनसे संबंधित सामान्य तथ्य। |
जनसंख्या, पर्यावरण एवं नगरीकरण | भारतीय परिप्रेक्ष्य में जनसंख्या, जनसंख्या वृद्धि, पर्यावरण संबंधी विषय और शहरीकरण। |
विश्व भूगोल एवं भारत का भूगोल | भौतिक भूगोल, जलवायु, नदियां, प्राकृतिक संसाधन और भारत की भौगोलिक विशेषताएं। |
समसामयिक राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय घटनाएं | देश-विदेश की महत्वपूर्ण घटनाएं, राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय गतिविधियां और प्रमुख घटनाक्रम। |
सामान्य बौद्धिक क्षमता | तार्किक चिंतन, विश्लेषणात्मक क्षमता, सामान्य बुद्धिमत्ता और मानसिक योग्यता से संबंधित प्रश्न। |
उत्तर प्रदेश से संबंधित विशिष्ट जानकारी | उत्तर प्रदेश की शिक्षा, संस्कृति, कृषि, उद्योग, व्यापार, रहन-सहन और सामाजिक प्रथाएं। |
सामान्य हिंदी के अंतर्गत शब्द ज्ञान, शब्दों के अर्थ, व्याकरण और वाक्य शुद्धि से संबंधित प्रश्न पूछे जाते हैं। आधिकारिक पाठ्यक्रम (up ro aro syllabus 2026 in hindi) में निम्नलिखित छह प्रमुख भाग दिए गए हैं।
टॉपिक | निर्धारित पाठ्यक्रम |
विलोम शब्द | 10 शब्दों के विलोम। |
वाक्य एवं वर्तनी शुद्धि | 10 वाक्यों की शुद्धि। |
अनेक शब्दों के लिए एक शब्द | 10 शब्दों से संबंधित प्रश्न। |
तत्सम एवं तद्भव शब्द | 10 शब्दों पर आधारित प्रश्न। |
विशेष्य एवं विशेषण | 10 शब्दों से संबंधित प्रश्न। |
पर्यायवाची शब्द | 10 शब्दों के पर्यायवाची। |
यूपी आरओ/एआरओ मुख्य परीक्षा का सिलेबस 2026 (UP RO/ARO Main Examination Syllabus 2026)
यूपी आरओ/एआरओ मुख्य परीक्षा में चार प्रश्नपत्र शामिल हैं। मुख्य परीक्षा की तैयारी करते समय अभ्यर्थियों को विषयों की अवधारणाओं को समझने के साथ निर्धारित शब्द सीमा में उत्तर लिखने का अभ्यास भी करना चाहिए। सुविधा के लिए यूपी आरओ/एआरओ मुख्य परीक्षा का विस्तृत सिलेबस 2026 (Detailed Syllabus for the UP RO/ARO Main Examination 2026) नीचे सारणी में दी गई हैं।
प्रश्नपत्र 1: सामान्य अध्ययन–प्रथम
विषय | विस्तृत पाठ्यक्रम |
भारतीय इतिहास, कला एवं संस्कृति | प्राचीन से आधुनिक काल तक भारतीय संस्कृति के प्रमुख कला रूप, साहित्य एवं वास्तुकला; आधुनिक भारतीय इतिहास (1757 से 1947); महत्वपूर्ण घटनाएं एवं व्यक्तित्व; स्वतंत्रता संग्राम के विभिन्न चरण और देश के अलग-अलग क्षेत्रों के प्रमुख स्वतंत्रता सेनानियों का योगदान; स्वतंत्रता के बाद देश का एकीकरण एवं पुनर्गठन (1965 तक)। |
भारतीय समाज | भारतीय समाज एवं संस्कृति की प्रमुख विशेषताएं; महिला सशक्तीकरण, महिला संगठनों की भूमिका, जनसंख्या एवं संबंधित मुद्दे; शहरीकरण, उसकी समस्याएं एवं समाधान; उदारीकरण, निजीकरण और वैश्वीकरण का सामाजिक संरचना पर प्रभाव; सामाजिक न्याय, समावेशी विकास और सामाजिक सशक्तीकरण। |
भारत का भूगोल | भारत का भौतिक भूगोल—भू-संरचना, भू-आकृतियां, जलवायु, अपवाह तंत्र, मिट्टी एवं वनस्पति; आर्थिक भूगोल—कृषि, सिंचाई, खनिज, ऊर्जा संसाधन, उद्योग एवं परिवहन; मानव भूगोल—जनसंख्या संरचना, वितरण, घनत्व एवं वृद्धि, ग्रामीण और नगरीय बस्तियां तथा महानगरीय केंद्रों का विकास; उत्तर प्रदेश के भौतिक, मानवीय एवं आर्थिक भूगोल तथा विकास से जुड़े समसामयिक मुद्दे। |
पर्यावरण एवं आपदा प्रबंधन | पर्यावरण की अवधारणाएं, पारिस्थितिकी तंत्र के प्रकार, जैविक एवं अजैविक घटक, ऊर्जा प्रवाह, जल चक्र, कार्बन चक्र, नाइट्रोजन चक्र और जीवमंडल; जल, वायु, ध्वनि एवं मृदा प्रदूषण; पर्यावरणीय क्षरण, संरक्षण, प्रबंधन और पर्यावरण संरक्षण अधिनियम; ज्वालामुखी, भूकंप, सुनामी, भूस्खलन, हिमस्खलन, बाढ़, सूखा, महामारी एवं वैश्विक महामारी; आपदा प्रबंधन चक्र, तैयारी, बचाव, राहत, पुनर्निर्माण तथा NDMA, NDRF और SDRF की भूमिका। |
विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी | विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी का विकास, अनुप्रयोग और दैनिक जीवन पर प्रभाव; भौतिक, रासायनिक एवं जैविक विज्ञान के उपयोग; विज्ञान नीति, राष्ट्रीय पहल और अंतरराष्ट्रीय सहयोग; उपग्रह संचार, INSAT, रिमोट सेंसिंग, क्रायोजेनिक रॉकेट, GPS और अंतरिक्ष तकनीक; सूचना प्रौद्योगिकी, दूरसंचार, प्रदर्शन प्रौद्योगिकी, मिसाइल प्रणालियां, UAV, गुप्त प्रौद्योगिकी, रासायनिक एवं जैविक हथियार; नैनोविज्ञान, नैनोटेक्नोलॉजी और नैनोमटेरियल; रोबोटिक्स एवं कृत्रिम बुद्धिमत्ता; परमाणु ऊर्जा, विकिरण, रेडियोधर्मी अपशिष्ट एवं परमाणु दुर्घटनाएं; जैव प्रौद्योगिकी, सूक्ष्मजीव विज्ञान, बायोपाइरेसी, बायोइन्फॉर्मेटिक्स और जैव प्रौद्योगिकी के नैतिक पहलू। |
प्रश्नपत्र 2: सामान्य अध्ययन–द्वितीय
विषय | विस्तृत पाठ्यक्रम |
भारतीय राजव्यवस्था एवं संविधान | भारतीय संविधान का ऐतिहासिक आधार, विकास, विशेषताएं, संशोधन, महत्वपूर्ण प्रावधान और मूल संरचना; संविधान के मूल प्रावधानों के विकास में सर्वोच्च न्यायालय की भूमिका; संघ एवं राज्यों के कार्य और जिम्मेदारियां; संघीय ढांचे से जुड़ी चुनौतियां; स्थानीय स्तर तक शक्तियों एवं वित्त का हस्तांतरण; केंद्र-राज्य वित्तीय संबंधों में वित्त आयोग की भूमिका; संसद और राज्य विधानमंडलों की संरचना, कार्य, शक्तियां, विशेषाधिकार एवं संबंधित मुद्दे। |
शासन व्यवस्था | कार्यपालिका एवं न्यायपालिका की संरचना, संगठन और कार्यप्रणाली; सरकारी मंत्रालय एवं विभाग; दबाव समूह, औपचारिक एवं अनौपचारिक संगठन और राजनीति में उनकी भूमिका; जनहित याचिका (PIL); विभिन्न संवैधानिक पदों पर नियुक्ति, शक्तियां, कार्य एवं जिम्मेदारियां; नीति आयोग, संवैधानिक, नियामक एवं अर्ध-न्यायिक निकायों की विशेषताएं और कार्यप्रणाली; विकास के लिए सरकारी नीतियां, हस्तक्षेप, उनका डिजाइन एवं क्रियान्वयन तथा सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी (ICT) से जुड़े मुद्दे। |
अर्थव्यवस्था एवं कृषि | सतत विकास लक्ष्यों (SDGs) की प्राप्ति; विनिर्माण क्षेत्र की चुनौतियां एवं रणनीतियां; ऊर्जा क्षेत्र का परिदृश्य; परिवहन के विभिन्न साधनों की स्थिति; जल एवं वायु से संबंधित मुद्दे; सरकारी बजट एवं वित्तीय प्रणाली के घटक; उदारीकरण और वैश्वीकरण का अर्थव्यवस्था पर प्रभाव; औद्योगिक नीतियों में परिवर्तन और औद्योगिक विकास पर उनका प्रभाव; विदेशी व्यापार की समस्याएं एवं संभावनाएं; प्रमुख कृषि फसलों का उत्पादन, कृषि का वाणिज्यीकरण, खाद एवं उर्वरक, सिंचाई की विधियां एवं प्रणालियां, कृषि उत्पादों का भंडारण, ढुलाई एवं विपणन, किसानों के लिए ई-तकनीक; प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष कृषि अनुदान, न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP), कृषि विविधीकरण, उत्तर प्रदेश में कृषि की समस्याएं एवं समाधान तथा कृषि में तकनीकी अभियान। |
नीतिशास्त्र एवं सत्यनिष्ठा | नीतिशास्त्र की अवधारणा एवं विशेषताएं; नैतिकता के मानक, सत्य, सही एवं शुभ की अवधारणा; नैतिकता एवं अधिनीतिशास्त्र; प्रेरणा एवं उद्देश्य; नैतिक निरपेक्षतावाद एवं सापेक्षतावाद; ऋत एवं धर्म, पुरुषार्थ एवं वर्णाश्रम धर्म, यम-नियम एवं ब्रह्मविहार, उपयोगितावाद, कर्तव्य सिद्धांत एवं संवेदनशीलता; मनोवृत्ति का स्वरूप, घटक, निर्माण और व्यवहार पर प्रभाव; सामाजिक प्रभाव एवं अनुनय; अभिक्षमता, सत्यनिष्ठा, सार्वजनिक सेवाओं में निष्पक्षता, गैर-पक्षपात, वस्तुनिष्ठता एवं समर्पण; भावनात्मक बुद्धिमत्ता, प्रभावी नेतृत्व, निर्णय क्षमता, कमजोर वर्गों के प्रति सहानुभूति एवं सहिष्णुता। |
समसामयिक घटनाएं | क्षेत्रीय, राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय महत्व की समसामयिक घटनाएं; खेलकूद से जुड़ी प्रमुख घटनाएं; वैश्विक घटनाक्रम; दक्षिण एशिया एवं SAARC; भारत से संबंधित महत्वपूर्ण घटनाएं; उत्तर प्रदेश की समसामयिक घटनाएं। |
प्रश्नपत्र 3: सामान्य हिंदी एवं आलेखन
इस प्रश्नपत्र में हिंदी भाषा का ज्ञान, व्याकरण, कार्यालयी लेखन, प्रशासनिक एवं वाणिज्यिक शब्दावली, संक्षेपण और कंप्यूटर संबंधी सामान्य ज्ञान का मूल्यांकन किया जाता है। आधिकारिक पाठ्यक्रम में दिए गए विषयों और अंकों का विवरण निम्नलिखित है।
विषय | विस्तृत पाठ्यक्रम | निर्धारित अंक |
अपठित गद्यांश | दिए गए गद्यांश का शीर्षक, तीन रेखांकित अंशों की व्याख्या एवं संक्षेपीकरण। | 30 |
सार-लेखन | दिए गए सरकारी पत्र का सारणीबद्ध प्रारूप (Tabular Form) में सार-लेखन। | 10 |
पत्राचार एवं कार्यालयी लेखन | शासकीय पत्र, अर्धशासकीय पत्र, कार्यालय आदेश, परिपत्र, अनुस्मारक, कार्यालय ज्ञापन, विज्ञप्ति, टिप्पणी एवं प्रतिवेदन। | 20 |
पारिभाषिक शब्दावली | प्रशासनिक एवं वाणिज्यिक शब्दावली का हिंदी से अंग्रेजी और अंग्रेजी से हिंदी में रूपांतरण। | 20 |
मुहावरे एवं लोकोक्तियां | अर्थ एवं वाक्य प्रयोग; निर्धारित पाठ्यक्रम के अनुसार 10 मुहावरे/लोकोक्तियां। | 30 |
व्याकरण-विचार | संज्ञा, सर्वनाम, विशेषण, कारक एवं क्रिया। | 15 |
विराम-चिह्न | विराम-चिह्नों का सही प्रयोग। | 5 |
अशुद्धि-शोधन | शब्दगत (वर्तनी संबंधी) एवं वाक्यगत अशुद्धियों का सुधार। | 10 |
वर्ण-विचार | स्वर एवं व्यंजन वर्ण तथा उनका वर्गीकरण। | 10 |
हिंदी शब्द-समूह | तत्सम, तद्भव, देशज एवं विदेशी शब्द। | 10 |
हिंदी शब्द-रचना | उपसर्ग, प्रत्यय, संधि एवं समास। | 10 |
हिंदी अर्थ-विधान | पर्यायवाची, विलोम, अनेकार्थी शब्द, वाक्यांश के लिए एक शब्द तथा समोच्चरित भिन्नार्थक शब्द। | 20 |
कंप्यूटर का सामान्य ज्ञान | कंप्यूटर से संबंधित सामान्य जानकारी। | 10 |
उपयोगी लिंक
हिंदी निबंध प्रश्नपत्र में दो खंड होते हैं और प्रत्येक खंड से एक निबंध लिखना अनिवार्य है। पहले खंड में विज्ञान, अर्थव्यवस्था, कृषि, उद्योग, व्यापार एवं प्राकृतिक आपदाओं से संबंधित विषय दिए जाते हैं। दूसरे खंड में साहित्य, संस्कृति, सामाजिक एवं राजनीतिक विषय, राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम और राष्ट्रीय विकास योजनाओं पर निबंध लिखने होते हैं।
निबंध के प्रमुख विषय | निबंधों की संख्या | शब्द सीमा | अंक |
विज्ञान, पर्यावरण एवं प्रौद्योगिकी; आर्थिक क्षेत्र; कृषि, उद्योग एवं व्यापार; प्राकृतिक आपदाएं—भूस्खलन, भूकंप, बाढ़, सूखा आदि। | 1 | 800 शब्द | 80 |
साहित्य एवं संस्कृति; सामाजिक एवं राजनीतिक क्षेत्र; राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम; राष्ट्रीय विकास योजनाएं एवं परियोजनाएं। | 1 | 1,200 शब्द | 120 |
दोनों खंडों के निर्धारित विषयों में से एक-एक निबंध | 2 | — | 200 |
प्रारंभिक परीक्षा: सामान्य अध्ययन के दसों विषयों और सामान्य हिंदी के छह निर्धारित टॉपिक्स का नियमित अभ्यास करें।
मुख्य परीक्षा: भारतीय इतिहास, समाज, भूगोल, पर्यावरण, विज्ञान, संविधान, शासन, अर्थव्यवस्था और नीतिशास्त्र की अवधारणाओं को विस्तार से पढ़ें।
हिंदी एवं आलेखन: सरकारी पत्राचार, कार्यालयी लेखन, संक्षेपण, व्याकरण और पारिभाषिक शब्दावली का अभ्यास करें।
हिंदी निबंध: दोनों खंडों के विषयों पर निर्धारित शब्द सीमा के भीतर निबंध लिखने का अभ्यास करें।
समसामयिक घटनाएं: राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और उत्तर प्रदेश से संबंधित महत्वपूर्ण घटनाओं का नियमित अध्ययन करें।
आधिकारिक सिलेबस: तैयारी शुरू करने से पहले UPPSC की अधिसूचना में दिए गए पाठ्यक्रम और परीक्षा संबंधी निर्देशों का मिलान अवश्य करें।
Frequently Asked Questions (FAQs)
अभ्यर्थी आयोग (UPPSC) की आधिकारिक वेबसाइट uppsc.up.nic.in पर जाकर भर्ती अधिसूचना डाउनलोड कर सकते हैं। इसमें प्रारंभिक और मुख्य परीक्षा का विस्तृत सिलेबस दिया जाता है। इस लेख में भी यूपी आरओ/एआरओ सिलेबस 2026 पीडीएफ लिंक दिया गया हैं।
प्रारंभिक परीक्षा में कुल 200 वस्तुनिष्ठ प्रश्न होते हैं। इनमें सामान्य अध्ययन के 140 और सामान्य हिंदी के 60 प्रश्न शामिल हैं। परीक्षा कुल 200 अंकों की होती है।
मुख्य परीक्षा में सामान्य अध्ययन प्रथम, सामान्य अध्ययन द्वितीय, सामान्य हिंदी एवं आलेखन तथा हिंदी निबंध के चार प्रश्नपत्र शामिल होते हैं। प्रत्येक प्रश्नपत्र 200 अंकों का होता है।
हां, प्रारंभिक परीक्षा में प्रत्येक गलत उत्तर के लिए संबंधित प्रश्न के निर्धारित अंकों का एक-तिहाई हिस्सा काटा जाता है। इसलिए अभ्यर्थियों को प्रश्नों का उत्तर सावधानीपूर्वक देना चाहिए।
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